30/09/2025
जनसुरक्षा से संबंधित गंभीर विषयों एवं उत्तर प्रदेश सरकार को प्रदान किए गए तकनीकी व नियामक धोखे की जानकारी उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री महोदय को तत्काल अवगत कराने का कष्ट करें, ताकि शासन स्तर पर आवश्यक संज्ञान लिया जा सके और जनहित में त्वरित, प्रभावी एवं विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार के साथ किया गया धोखा और लोगो की जान से खिलवाड़ यह कृत्य न केवल भारत सरकार एवं राज्य सरकारों के विधिक आदेशों के प्रतिकूल है, बल्कि इससे प्रत्यक्ष रूप से जनहानि, आग, विस्फोट एवं गंभीर दुर्घटनाओं का खतरा उत्पन्न होता है।
भारत सरकार, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा G.S.R. 625(E), दिनांक 11 अगस्त 2022 के माध्यम से केवल BS-VI मानक वाली पेट्रोल वाहनों में ही सीएनजी किट रेट्रोफिटमेंट की अनुमति प्रदान की गई है पेट्रोल–हाइब्रिड–सीएनजी (ट्राई-फ्यूल) परिवर्तन हेतु कोई अनुमोदित प्रक्रिया निर्दिष्ट नहीं की गई है
वर्ष 2020 – 2024 के दौरान मानकों की खुलेआम अवहेलना करते हुए गैस किट निर्माताओं द्वारा हाइब्रिड वाहनों में बिना किसी तकनीकी परीक्षण एवं औपचारिक प्रमाणन के सीएनजी किट इंस्टाल करना अनैतिक एवं गैर-कानूनी गतिविधि की गई है।
RTO कार्यालयों द्वारा पुष्टि की गई है। जिसके उपरांत भी परिवहन अधिकारियो के द्वारा इस प्रकार के अपराध के लिए चुप्पी अत्यंत ही संदिग्ध है और यह प्रश्न उठाती है कि क्या परिवहन अधिकारियों पर किसी प्रकार का दबाव, निजी लाभ या अनुचित व्यवहार प्रभावी है, जिसके कारण विधिक कार्रवाई रोकी जा रही है
यह विषय केवल प्रशासनिक नहीं, बल्कि जनजीवन की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। अतः आप सभी से अपेक्षा है कि अपने उत्तरदायित्व का निर्वहन करते हुए इस गंभीर प्रकरण को राज्य के सर्वोच्च कार्यकारी पद तक पहुँचाने में सहयोग प्रदान करें।